मेरी पालतू बिल्ली पर निबंध

बिल्लियां बहुत अजीब जानवर हैं। यदि आपने कभी बिल्ली को पालतू जानवर के रूप में रखा है तो आप यह जानते होंगे। मैं अपनी बिल्ली से प्यार करता हूँ और उसके आसपास रहने का आनंद लेता हूं। बिल्लियां चंचल, हंसमुख और प्यारी होती हैं।

भारत में बिल्लियों की विभिन्न प्रजातियां हैं। यदि आप एक पालतू बिल्ली पालना चाहते हैं तो आप उन विस्तृत विविधता की प्रजातियों में से एक बिल्ली चुन सकते हैं। यह अनूठा छोटा जीव चारों ओर रहकर आनंद देता है। मेरे पास एक प्यारी पालतू बिल्ली है और मैं इसे बहुत प्यार करता हूँ। आपकी कक्षा परीक्षणों और परीक्षाओं में इस विषय के साथ आपकी मदद करने के लिए हमने यहां 'मेरी पालतू बिल्ली' पर अलग-अलग लंबाई के निबंध उपलब्ध कराए हैं। आप अपनी आवश्यकता के अनुसार किसी भी मेरी पालतू बिल्ली पर निबंध का चयन कर सकते हैं:

मेरी पालतू बिल्ली पर निबंध (Essay on My Pet Cat in Hindi)

मेरी पालतू बिल्ली पर निबंध 1 (200 शब्द)

मेरे पास एक सफेद रंग की नरम और प्यारी पालतू बिल्ली है। यह एक हिमालयी बिल्ली है। यह बिल्लियां अपने मुलायम, प्यारे बालों के लिए जानी जाती हैं और यही चीज़ मुझे भी आकर्षित करती हैं।

चूंकि मैं अकेला बच्चा हूं इसलिए मेरे माता-पिता ने मुझे एक पालतू जानवर दिलाने का फैसला किया। उन्होंने मुझसे पूछा कि मुझे कुत्ता चाहिए या बिल्ली और मैंने तुरन्त बिल्ली को चुना। मेरे पिता मुझे पालतू जानवरों की दुकान में ले गए और मेरा दिल धूसर रंग के कान के साथ इस प्यारे से सफेद रंग के बिल्ली के बच्चे को देखकर ज़ोर-ज़ोर से धड़कने लगा। हम इसे घर ले आए और तब से यह मेरा सबसे अच्छा दोस्त है। मैंने इसे रोज़ी नाम दिया है।

रोज़ी हमारे साथ पिछले दो सालों से है और हमारे परिवार का एक हिस्सा बन गया है। मुझे इसके साथ खेलना पसंद है। मैं घर में इसके साथ ही खेलता हूं और पार्क में हर शाम सैर को भी ले जाता हूं। अपनी माँ की मदद से मैं महीने में दो बार इसको नहलाता हूं। नहलाने का वक़्त मेरे और साथ ही रोज़ी के लिए बहुत ही मजेदार है। मेरी माँ हर दिन रोजी के प्यारे बालों को कंघी करती है। हमारे पास रोज़ी के लिए कंघों के अलग सेट, ब्रश, शैम्पू और साबुन है। हम उसके आहार का अच्छी तरह से ध्यान रखते हैं। हम उसके लिए घर में विशेष बिल्ली का खाना लाते हैं। मैं अपने पालतू बिल्ली को बहुत प्यार करता हूँ।


 

मेरी पालतू बिल्ली पर निबंध 2 (300 शब्द)

प्रस्तावना

मेरी पालतू बिल्ली जेर्सी मेन कुन बिल्ली है। यह गहरे भूरे और काले रंग में है। वह काफी सक्रिय और चंचल है। वह अपना अधिकांश समय मेरे साथ बिताती है और इसलिए मेरे परिवार के किसी भी सदस्य की तुलना में वह मुझे अधिक प्यारी लगती है।

हम एक पालतू बिल्ली क्यों लाए?

मेरे कई दोस्तों और पड़ोसियों के पास उनके घर में पालतू जानवर थे और मुझे भी एक पालतू जानवर चाहिए था। मैंने अक्सर मेरी मां को एक पिल्ला या एक बिल्ली का बच्चा लाने के लिए कहा पर उन्होंने हमेशा मेरी इच्छा को खारिज कर दिया और कहा कि उनके पास इसकी देखभाल का समय नहीं है।

जब मेरा भाई उच्च अध्ययन के लिए छात्रावास में गया तो मुझे बहुत अकेलापन महसूस हुआ। मेरे पिता ऑफिस में चले जाते थे और मेरी माँ अधिकतर समय घर के कामों में व्यस्त रहती थी। मेरे पास खेलने के लिए कोई भी दोस्त नहीं था और तब मुझे एक पालतू जानवर रखने की ज़रूरत महसूस हुई थी। मैंने फिर से मेरे माता-पिता से मुझे एक पालतू पशु दिलाने का अनुरोध किया। उन्होंने यह देखकर कि मेरा भाई छात्रावास में चला गया तभी से मैं अकेलापन महसूस कर रहा हूँ तो उन्होंने मेरी इच्छा पूरी करने का फैसला किया। मैं यह सुनकर बहुत खुश हुआ। तब जेर्सी हमारे जीवन में आई। जेर्सी चार साल से भी अधिक समय से हमारे साथ है।

मेरा पालतू बिल्ली चंचल है पर अनुशासित भी है

जेर्सी खेलने की बहुत शौकीन है जबकि साथ ही यह बहुत अच्छी तरह से व्यवहार भी करती है। कई बिल्लियां घरों में तोड़फोड़ करती हैं पर जेर्सी यह सुनिश्चित करती है कि वह इस तरह के किसी भी नुकसान का कारण ना बने। वह आदेशों को भी मानती है। मेरी मां हर दिन उसे लंच कराती है। जेर्सी हर दिन एक समय पर मेरी माँ के आसपास जाकर बैठ जाती है। वह अपने भोजन को खत्म करती है और यह सुनिश्चित करती है कि उसे आसपास ना फैलाए।

निष्कर्ष

जेर्सी ने अपने सभी परिवार के सदस्यों के दिल जीत लिया है। वह हर दोपहर स्कूल से मेरी वापसी का इंतजार करती है और मुझे वापस देख कर प्रसन्न हो जाती है। मैं भी उससे मिलने के लिए उत्सुक हूं। हम एक दूसरे को प्यार करते हैं और आनंद उठाते हैं।

मेरी पालतू बिल्ली पर निबंध 3 (400 शब्द)

प्रस्तावना

मेरे पास एक पालतू सियामी बिल्ली है। मुझे यह बिल्ली अपने 7वें जन्मदिन पर अपनी मां से एक उपहार के रूप में मिली। मैं हमेशा बिल्लियों को बहुत प्यार करता था और मेरे मन में पालतू जानवरों की इच्छा शुरुआत से थी। मेरी माँ ने इस इच्छा को पूरा करके मुझे एक सुखद आश्चर्य दिलाया। मैंने इसे मिस्टी का नाम दिया है। इसके कानों के आसपास का रंग ग्रे रंग है तथा शरीर का रंग क्रीम है। इसके पूरे शरीर पर मुलायम बाल है जो इसे सौंदर्य प्रदान करते हैं।

मिस्टी को खाना खिलाना

मिस्टी को खाना पसंद है। इसे मछली खाने से बेहद प्यार है। मेरी माँ विशेष रूप से सप्ताह में दो बार बाजार में जाती है और मेरी बिल्ली मिस्टी के लिए ताजी मछली लाती है। मिस्टी केवल कच्ची मछली ही नहीं खाती बल्कि तली हुई मछलियां भी खाती है जो अक्सर हम अपने लिए बनाते हैं। बिल्ली के लिए खाना खरीदना मेरे लिए एक मजेदार गतिविधि है। खाना चुनने के कई विकल्प हैं और मैं अपने माता-पिता के साथ सुपरमार्केट में हमेशा अलग-अलग बिल्लियों के भोजन का चयन करने के लिए तैयार रहता हूं।

मिस्टी बिल्ली के खाने को उतना प्यार करती है जितना उसे मछली पसंद है। उसे विशेष रूप से बिल्ली का भोजन तब पसंद है जब हम इसे दूध के साथ मिलाते हैं। उसे सादा दूध भी पीना पसंद है। दूध कुछ ऐसी चीज़ है जिसके बिना वह कभी नहीं रह सकती।

मछली, बिल्ली का भोजन और दूध के अलावा मिस्टी इस तरफ भी ध्यान रखती है कि हम क्या खा रहे हैं और अक्सर अपने अनूठे तरीके से वही खाने की मांग भी करती है। मुझे मिस्टी के साथ अपना खाना बांटना पसंद है। दूध और चपाती में मक्खन के साथ डूबी रोटी और अन्य कुछ चीजें हैं जो इसे पसंद हैं। मेरी मां सही समय पर इसे भोजन देने पर बहुत ध्यान रखती है।

सफाई और स्वच्छता

सियामी बिल्लियाँ बहुत सुंदर दिखती हैं लेकिन उनकी सुन्दरता को बनाए रखने में बहुत मेहनत लगती है। मैं और मेरी माँ महीने में एक बार मिस्टी को नहलाते हैं और यह पूरा वाकया बहुत मज़ेदार होता है। मेरी मां इस बात का ज़रूर ख्याल रखती है कि उसकी स्वच्छता सुनिश्चित करने के लिए वह सप्ताह में दो बार मिस्टी के बालों में कंघी करे और ख़राब बालों को हटाए। हम सप्ताह में एक बार मिस्टी के दांतों को ब्रश करते हैं। सर्दियों में हम उसे ठंड से बचाने के लिए जैकेट पहनाते हैं।

मुझे मिस्टी के साथ खेलना पसंद है लेकिन हम ज्यादातर घर के अंदर ही खेलते हैं। जब मैं इसे बाहर ले जाता हूं तो मैं इसे अपने हाथों में ले जाता हूं ताकि इसे गंदगी और धूल से बचा सकूँ जिससे एलर्जी होती है।

निष्कर्ष

मिस्टी मेरे साथ साथ मेरे परिवार के सदस्यों के साथ भी जल्दी घुल-मिल जाती है। हमने इसके लिए हमारे घर के एक कोने में छोटा सा आरामदायक बिल्ली घर बनाया था लेकिन यह पहले ही दिन मेरे बिस्तर में घुस गई और तब से मिस्टी मेरे साथ सोती है। मुझे मिस्टी के साथ समय बिताना पसंद है। हम एक दूसरे को बहुत प्यार करते हैं।

मेरी पालतू बिल्ली पर निबंध 4 (500 शब्द)

प्रस्तावना

मेरे पास पालतू जानवर के रूप में फ़ारसी बिल्ली है। हम इसे मौली कहते हैं। मैंने अपने पड़ोसी के एक जगह पर ऐसी एक बिल्ली देखी थी और जिस तरह से यह मुझे देख रही थी उससे मैं इसकी तरफ आकर्षित हो गया। मैं भी एक पालतू बिल्ली चाहता था मैंने अपने पिता को इसके बारे में बताया और तब वे घर पर इसे लाने के लिए सहमत हुए। मौली 5 साल की है और यह हमारे साथ तब से है जब यह सिर्फ 2 महीने की थी। हम सब उससे बहुत प्यार करते हैं और वह भी हमें बहुत प्यार करती है। विशेष रूप से वह मुझे बहुत पसंद करती है।

मेरी पालतू बिल्ली की विशेषताएं

  • मौली का रंग शुद्ध सफेद है।
  • इसके बाल लंबे होने के साथ-साथ बहुत नरम होते हैं जिन्हें छूने में बहुत आनंद आता है। हालांकि इसके प्यारे बालों को बहुत सारी देखभाल की आवश्यकता होती है। इसे हर दिन धीरे-धीरे कंघी की जरूरत है।
  • इसका चेहरा छोटा और गोल होता है तथा नाक चपटी होती है।
  • इसके गाल मोटे और कान छोटे तथा गोल होते हैं।
  • इसकी आंखें बड़ी-बड़ी और मासूमियत भरी होती है।
  • यह आम तौर पर शांत होती है लेकिन यह खेलते वक़्त बहुत खुश रहती है।
  • सबसे ज्यादा इसे मेरी गोद में बैठना अच्छा लगता है।

मौली को देखना सुखद अहसास है

फारसी बिल्लियों को दुनिया में सबसे सुंदर बिल्लियां माना जाता है और मौली की जगह कोई नहीं ले सकता। यह देखने में जितनी अच्छी है उसका व्यवहार भी उतना ही अच्छा है। वह बहुत जोशीली और मैत्रीपूर्ण है। उसने मेरे और मेरे परिवार के सदस्यों के साथ घुलने-मिलने में ज्यादा समय नहीं लिया। वह घर में किसी अंजान के आने को नापसंद नहीं करती हालांकि वह हमारे मेहमानों के प्रति काफी उदास हो जाती है। जब भी कोई अपरिचित व्यक्ति आता है तो वह हमारे घर के एक कोने में शांति से बैठ जाती है।

मेरी मां कभी भी पालतू जानवर के रूप में बिल्ली नहीं रखना चाहती थी लेकिन अब वह खुश है कि हम मौली को घर लाए। समय बीतने के साथ माँ मेरे पिता और दादा-दादी की तरह इस छोटे से प्राणी को बहुत प्यार करने लगी है। वह उसकी सभी जरूरतों का ख्याल रखती है।

मौली का सौन्दर्यकरण और खाना

मौली के पास लंबे बाल हैं जो उसे सुंदर दिखने में मदद करते हैं लेकिन हमें इसकी भी देखभाल करने की ज़रूरत पड़ती है। हम यह सुनिश्चित करते हैं कि हम उसके बालों को साफ रखने के लिए सप्ताह में एक बार इसे जरुर नहलाएं। मुझे मौली के स्नान उत्पादों के लिए शॉपिंग पसंद है I मेरी मां उसे नहलाने के लिए मुझे बुलाती है और मुझे मेरी माँ की मदद करने में बहुत आनंद भी आता है। मौली नहाते समय शांत रहती है और हमें अपनी सफाई करवाने में मदद भी करती है।

हम मौली के बालों को चिकना रखने के लिए हर रोज इसकी कंघी करते हैं। विशेष चौड़े दांत की कंघी की मदद से हम इसके बालों को सहलाते हैं। जब मेरी मां इसके बालों में कंघी चलाती है तो वह मौली को बहुत अच्छा लगता है। माँ से कंघी करवाने के लिए मौली उनकी गोद में जा बैठती है।

मौली को मछली खाने से बहुत प्यार है। हम उसे सप्ताह में दो बार मछली देते हैं। दूसरे दिन मेरी मां उसे बिल्लियों का खाना देती है। हमने उसके दोपहर के भोजन और रात के खाने का समय तय किया है और हर दिन उसे ठीक समय पर भोजन देते है। मौली को दूध भी पसंद है। वह अपने कटोरे के दूध को  बहुत जल्दी खत्म कर देती और अक्सर और दूध मांगती है।

निष्कर्ष

मौली हमारे परिवार का एक अविभाज्य हिस्सा है। मुझे इसके साथ समय व्यतीत करना पसंद है। हम उसे बाहर घुमाने भी ले जाते हैं। वह अच्छी तरह से व्यवहार करती है और इस तरह छुट्टियों पर उसे ले जाना इतना मुश्किल नहीं हैI


 

मेरी पालतू बिल्ली पर निबंध 5 (600 शब्द)

प्रस्तावना

मेरे पास पालतू जानवर के रूप में एक काली रंग की बिल्ली है। हम इसे ब्रेंडा कहते हैं। इसके बाल छोटे और चमकदार है। यह पांच साल की है और अपने जन्म के बाद से यह हमारे साथ रह रही है। दूध और ब्रेड इसे बहुत अच्छे लगते हैं। हम इसे कभी-कभी मछली भी खिलाते हैं और इसे मछली का स्वाद बेहद पसंद है। ब्रेंडा बहुत चंचल और प्यारी है।

कैसे ब्रेंडा (मेरी पालतू बिल्ली) मेरे जीवन का एक हिस्सा बन गई?

मैं हमेशा बिल्लियों का एक बड़ा प्रशंसक रहा हूं। मैं हमेशा यही सोचता था कि जब मैं बूढ़ा हो जाऊंगा तो मैं बिल्लियों को पालूंगा। हालांकि मैंने कभी अपने शुरुआती बचपन के वर्षों में पालतू जानवर के रूप में बिल्ली रखने की योजना नहीं बनाई थी। पालतू जानवर के रूप में ब्रेंडा को रखने की योजना मेरी नहीं थी।

मेरी माँ हमेशा गर्मियों में पक्षियों और जानवरों की प्यास को बुझाने के लिए बगीचे में पानी का एक कटोरा रखती थी। कई चिड़ियां और कबूतरों के अलावा कुछ बिल्लियां भी आती हैं जो उस कटोरे से पानी पीती हैं। अक्सर आने वाली इन बिल्लियों में से एक ने हमारे कूलर, जो बगीचे में रखा था, के नीचे चार बिल्ली के बच्चों को जन्म दिया। बिल्ली और बिल्ली के बच्चे लगभग 10 दिनों तक उस जगह पर रहे। हमने हर दिन उनके पीने के लिए दूध का कटोरा रखा।

एक सुबह हमने देखा कि बिल्ली और बिल्ली के तीन बच्चे चले गए थे और केवल एक काले रंग का बच्चा पीछे रह गया था। मैंने इसके लिए कुछ खाना और दूध रखा था। बिल्ली अपने बच्चे को लेने के लिए वापस नहीं आई और इस बच्चे ने कूलर के नीचे ही रहना शुरू कर दिया। मुझे और मेरे भाई को यह बच्चा बहुत पसंद आया हमने इसे पालने का फैसला किया। हमने अपने पिता से इसकी अनुमति ले ली और इसकी टीकाकरण भी करवाया। टीकाकरण किए जाने के बाद मेरी मां ने इसे घर के भीतर आने की अनुमति दी और यह हमारे परिवार का एक हिस्सा बन गया।

मेरे बगीचे में बिल्ली का विशेष घर

जितना मैंने एक बिल्ली की कल्पना की थी उतना ही मैं अपने घर पर एक सुंदर बिल्ली का घर स्थापित करने के लिए उत्साही था। मैं अक्सर इंटरनेट पर बिल्ली के घरों के चित्रों को देखता था और किसी दिन घर पर उन में से एक को बनाने की कामना करता था। इसलिए जब हमने ब्रेंडा को रखने का फैसला किया मैंने उसके लिए एक सुंदर सा घर लाने की इच्छा व्यक्त की। मुझे पहले से ही बाजार में उपलब्ध विभिन्न प्रकार के बिल्ली के घरों के बारे में एक अच्छा अंदाजा था। मैंने अपने भाई के साथ बैठ कर हमारे प्यारी ब्रेंडा के लिए अच्छे घरों को शॉर्टलिस्ट किया। इस घर को हमारे घर पर आने के लिए दो दिनों का समय लग गया और हमने इसे हमारे बगीचे में एक छायादार पेड़ के नीचे रखा। ब्रेंडा अपने नए घर को देख कर काफी उत्साहित थी। वह अपने रंगीन घर से प्यार करती है और इसके अंदर घंटों तक बैठती है।

काली बिल्ली अशुभ नहीं है

बहुत से लोग सोचते हैं कि काली बिल्लियां अशुभ है। लोग आमतौर पर काली बिल्लियों को पसंद नहीं करते हैं। ऐसा केवल इसलिए नहीं कि ये अशुभ मानी जाती है बल्कि ऐसा इसलिए भी है कि ये बिल्लियां सफेद बिल्लियों जैसी सुंदर नहीं दिखतीं। मेरी मां शुरूआत में ब्रेन्डा को रखने के बारे में काफी संदेहजनक थी। हालांकि मैंने उन्हें आश्वस्त किया तब जाकर वे सहमत हुई।

ब्रेंडा को हमारे साथ पांच साल से अधिक का समय हो गया है और हमें अब तक कोई ऐसा अनौपचारिक अनुभव नहीं हुआ है जो अक्सर लोग हमें बताते थे। यह भी एक सबूत है कि काली बिल्ली अशुभ नहीं हैं। हमें उन मिथकों के कारण बिल्लियों की उपेक्षा नहीं करनी चाहिए जो सदियों से हमारे आसपास रह रही हैं। काली बिल्लियों को भी हमारे उतने ही प्रेम और स्नेह की आवश्यकता होती है जितनी कि किसी अन्य बिल्ली को।

निष्कर्ष

ब्रेंडा किस्मत से हमारे जीवन में आई है लेकिन अब यह हमारे परिवार का एक अविभाज्य हिस्सा बन गई है। मैं और मेरा भाई इसके विशेष रूप से शौकीन हैं। ब्रेंडा उत्सुकता से हर दिन स्कूल से हमारी वापसी का इंतजार करती है और हमारी छुट्टियों के लिए भी उत्सुक रहती है। हमारी छुट्टियों के दौरान ब्रेंडा काफी खुश और हंसमुख लगती है। हम उसके साथ को बहुत प्यार करते हैं।

 

 

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