समय के महत्व पर निबंध

समय धन से भी ज्यादा कीमती है; क्योंकि यदि धन को खर्च कर दिया जाए तो यह वापस प्राप्त किया जा सकता है हालांकि, यदि हम एक बार समय को गंवा देते हैं, तो इसे वापस प्राप्त नहीं कर सकते हैं। समय के बारे में एक सामान्य कहावत है कि, “समय और ज्वार-भाटा कभी किसी की प्रतीक्षा नहीं करते हैं।” यह बिल्कुल पृथ्वी पर जीवन के अस्तित्व की तरह ही सत्य है, अर्थात्, जिस तरह से पृथ्वी पर जीवन का होना सत्य है, ठीक उसी तरह से यह कहावत भी बिल्कुल सत्य है। समय बिना किसी रुकावट के निरंतर चलता रहता है। यह कभी किसी की प्रतिक्षा नहीं करता है।

समय के महत्व पर छोटे तथा बड़े निबंध (Short and Long Essay on Value of Time in Hindi)

निबंध 1 (250 शब्द)

समय पृथ्वी पर सबसे कीमती वस्तु है, इसकी तुलना किसी से भी नहीं की जा सकती है। यदि एकबार यह चला जाए, तो कभी वापस नहीं आता। यह हमेशा आगे की ओर सीधी दिशा में चलता है और न कि पीछे की ओर। इस संसार में सब कुछ समय पर निर्भर करता है, समय से पहले कुछ भी नहीं होता है। कुछ भी करने के लिए कुछ समय की आवश्यकता होती है।

यदि हमारे पास समय नहीं है, तो हमारे पास कुछ भी नहीं है। समय को नष्ट करना इस पृथ्वी पर सबसे बुरी चीज मानी जाती है क्योंकि, समय की बर्बादी हमें और हमारे भविष्य को बर्बाद करती है। हम कभी भी बर्बाद किए हुए समय को फिर से प्राप्त नहीं कर सकते हैं। यदि हम अपना समय बर्बाद कर रहे हैं, तो हम सब कुछ नष्ट कर रहे हैं।

समय के महत्व

कुछ लोग समय से ज्यादा अपने धन को महत्व देते हैं हालांकि, सत्य तो यही है कि समय से ज्यादा कीमती कुछ भी नहीं है। यह समय ही है, जो हमें धन, समृद्धि और खुशी प्रदान करता है हालांकि, इस संसार में कुछ भी समय को नहीं दे सकता। समय का केवल उपयोग किया जा सकता है; कोई भी समय को खरीद या बेच नहीं सकता। बहुत से लोग अपना जीवन अर्थहीन ढंग से जी रहे हैं। वे समय का उपयोग केवल अपने दोस्तों के साथ खाने, खेलने या अन्य आलसी क्रियाओं को करने में करते हैं।

इस तरह से वे दिन और वर्षों को व्यतीत करते हैं। वे कभी भी नहीं सोचते कि, वे क्या कर रहे हैं, किस तरीके से कर रहें हैं, आदि। यहाँ तक कि, उन्हें गलत तरीके से समय को बर्बाद करने का भी पश्चाताप भी नहीं होता और कभी उसके लिए अफसोस महसूस नहीं करते हैं। अप्रत्यक्ष रुप से, वे अपना बहुत सा धन और उससे भी अधिक महत्वपूर्ण समय खो देते हैं, जिसे वे कभी भी वापस प्राप्त नहीं कर सकते हैं।

हमें दूसरों की गलतियों से सीखने के साथ ही दूसरों की सफलता से प्रेरित होना चाहिए। हमें अपने समय का उपयोग कुछ उपयोगी कामों को करने में करना चाहिए ताकि, हमें समय समृद्धि दे, न कि नष्ट करे।


 

निबंध 2 (300 शब्द)

एक आम और सही कहावत है कि, “समय और ज्वार-भाटा किसी का इंतजार नहीं करते हैं”, जिसका अर्थ है कि, समय किसी का भी इंतजार नहीं करता है, सभी को समय के साथ-साथ चलना चाहिए। समय आता है और हमेशा की तरह चला जाता है पर कभी भी रुकता नहीं है। समय सभी के लिए निःशुल्क होता है, लेकिन कोई भी इसे कभी भी न तो बेच सकता है, न ही खरीद सकता है। यह अबंधनीय है, अर्थात् कोई भी इसकी सीमा निर्धारित नहीं कर सकता है। यह समय ही है, जो सभी को अपने चारों ओर नचाता है। अपने जीवन में कोई भी न तो इसे हरा सकता है, और न ही इससे जीत सकता है। समय को इस संसार में सबसे ताकतवर वस्तु कहा जाता है, जो किसी को भी नष्ट या सुधार सकता है।

 

समय बहुत ही शक्तिशाली होता है; कोई भी इसके सामने घुटने टेक सकता है, लेकिन इसे हरा नहीं सकता। हम इसकी क्षमता को मापने में सक्षम नहीं है, क्योंकि कभी-कभी जीतने के लिए एक पल ही काफी होता है और कभी-कभी जीतने के लिए पूरा जीवन लग जाता है। कोई भी एक पल में अमीर हो सकता है और कोई भी एक ही पल में गरीब भी हो सकता है। जीवन और मृत्यु के बीच में अन्तर के लिए केवल एक ही पल काफी होता है। सभी पल हमारे लिए स्वर्णावसर लाते हैं, हमें तो केवल समय के संकेत को समझ कर उसका प्रयोग करने की आवश्यकता है।

हर पल जीवन में नए अवसरों का एक बड़ा भंडार है। इसलिए, हमें इस कीमती समय को जाने नहीं देना चाहिए और हमेशा इसका पूरा उपयोग करना चाहिए। यदि हम समय के मूल्य और संकेत को समझने में देर करते हैं, तो हम अपने जीवन से स्वर्णावसर और सबसे महत्वपूर्ण समय को खो देंगे। यह जीवन का सबसे आधारपूर्ण सत्य है कि, हमें कभी भी अपने स्वर्ण अवसर को अनावश्यक समझते हुए अपने से दूर जाने नहीं देना चाहिए। हमें सकारात्मक और लाभकारी रुप में समय का प्रयोग करते हुए, अपने गन्तव्य तक जाना चाहिए। समय का सदुपयोग करने के उद्देश्य से सभी कामों को सही समय पर करने के लिए समय-सारणी बनानी चाहिए।


 

निबंध 3 (400 शब्द)

समय इस संसार में जीवन में अन्य सभी वस्तुओं यहाँ तक कि, धन से भी अधिक शक्तिशाली और अमूल्य वस्तु है। यदि एकबार कीमती समय चला जाता है, तो यह हमेशा के लिए चला जाता है और लौटकर कभी भी वापस नहीं आता है; क्योंकि यह हमेशा आगे की ओर चलता है और न कि पीछे की दिशा में। यह बिल्कुल सत्य है कि, यदि कोई व्यक्ति समय की अहमियत को नहीं समझता, तो समय भी उस व्यक्ति की अहमियत को नहीं समझता है। यदि हम अपने समय को नष्ट करेंगे, समय भी हमें बहुत बुरी तरह से नष्ट करेगा। यह सत्य है कि, “समय कभी भी किसी की प्रतिक्षा नहीं करता।” एक समय पर, समय केवल एक ही मौका देता है, यदि हम इसे एकबार खो देते हैं, तो इसे कभी भी वापस नहीं पा सकते हैं।

यह बहुत ही आश्चर्यजनक वस्तु है, जिसकी न तो कोई शुरुआत है, न ही कोई अन्त। यह बहुत ही शक्तिशाली वस्तु है, जिसके साथ वस्तुएं जन्म लेती हैं, बढ़ती हैं, घटती हैं और नष्ट हो जाती हैं। इसकी कोई भी सीमा नहीं है, इसलिए यह अपनी ही गति से निरंतर चलता रहता है। हम में से कोई भी जीवन के किसी भी स्तर पर समय पर शासन नहीं कर सकता है। न तो इसकी आलोचना कर सकते हैं और न ही इसका विश्लेषण कर सकते हैं। आमतौर पर, सभी समय के मूल्य और महत्व के बारे में जागरुक होते हैं हालांकि, हम में से बहुत से लोग जीवन के बुरे दौर में अपना धैर्य खो देते हैं और समय नष्ट करना शुरु कर देते हैं। समय किसी के लिए भी नहीं रुकता और न ही किसी के लिए दयालुता दिखाता है।

यह कहा जाता है कि, समय ही धन है हालांकि, इससे हम धन की तुलना समय से नहीं कर सकते हैं क्योंकि, यदि हम धन को एकबार खो देते हैं, तो इसे किसी भी साधन के द्वारा दुबारा प्राप्त कर सकते हैं हालांकि, यदि हमने समय को एक बार खो दिया, तो इसे किसी भी साधन के द्वारा दुबारा प्राप्त नहीं किया जा सकता है। समय धन और ब्रह्माण्ड की अन्य सभी वस्तुओं से ज्यादा कीमती है। हमेशा बदलता हुआ समय, प्रकृति की अनूठी संपत्ति को दिखाता है कि, “बदलाव प्रकृति का नियम है।”

इस संसार में सबकुछ समय के अनुसार चलता है। इस संसार में सबकुछ समय के अनुसार बदलता है क्योंकि, समय से कुछ भी स्वतंत्र नहीं है। लोग सोचते हैं कि, जीवन कितना लम्बा है हालांकि, सत्य तो यह है कि, जीवन बहुत ही छोटा है और हमारे पास जीवन में करने के लिए बहुत सी चीजें हैं। हमें अपने जीवन का हरेक पल सही तरीके से और अर्थपूर्ण ढंग से, समय को नष्ट किए बिना उपयोग करना चाहिए।

हमारी दैनिक दिनचर्या; जैसे- स्कूल का कार्य, गृह कार्य, सोने के घंटे, जागने का समय, व्ययाम, भोजन करना आदि योजना अनुसार और समय के अनुसार आयोजित होनी चाहिए। हमें कठिन परिश्रम करने का आनंद लेना चाहिए और कभी भी अपनी अच्छी आदतों को बाद में करने के लिए टालना नहीं चाहिए। हमें समय के महत्व को समझना चाहिए और इसी के अनुसार रचनात्मक ढंग से प्रयोग करना चाहिए, ताकि हम समय से धन्य हो न कि नष्ट हो।