कन्या भ्रूण हत्या पर स्लोगन (नारा)

कन्या भ्रूण हत्या का तात्पर्य यह है कि, केवल लिंग के आधार पर कन्या के जीवन को पैदा होने से पहले ही समाप्त कर देना। सन् 1990 में चिकित्सा के क्षेत्र में तरक्की होने और अल्ट्रासाउंड जैसी तकनीको के आने के बाद से इसमें तेजी से वृद्धि हुई है, हालांकि इसके पहले भी बेटी के पैदा होने पर उनकी हत्या कर दी जाती थी। इसी वजह से भारत में लिंगानुपात में काफी ज्यादे अंतर आ चुका है और आज के समय में यह एक भयावह समस्या बन चुका है।

कन्या भ्रूण हत्या पर निबंध के लिए यहा क्लिक करें

कन्या भ्रूण हत्या पर नारा (Slogans on Female Foeticide in Hindi)

ऐसे कई अवसर आते हैं जब आपको कन्या भ्रूण हत्या से जुड़े भाषणों, निबंधो या नारों की आवश्यकता होती है। यदि आपको भी कन्या भ्रूण हत्या से जुड़े ऐसे ही सामग्रियों की आवश्यकता है तो परेशान मत होइये हम आपकी मदद करेंगे।

हमारे वेबसाइट पर कन्या भ्रूण हत्या से जुड़ी तमाम तरह की सामग्रियां उपलब्ध हैं, जिनका आप अपनी आवश्यकता अनुसार उपयोग कर सकते हैं।

हमारे वेबसाइट पर कन्या भ्रूण हत्या के लिए विशेष रुप से तैयार किए गये कई सारे नारे उपलब्ध हैं। जिनका उपयोग आप अपने भाषणों या अन्य कार्यों के लिए अपनी आवश्यकता के अनुसार कर सकते हैं।

ऐसे ही अन्य सामग्रियों के लिए भी आप हमारे वेबसाइट का उपयोग कर सकते हैं।

Unique Slogans on Female Foeticide in Hindi Language

 

कन्या भ्रूण हत्या का कीमत सबको चुकाना होगा, इसे रोकना है तो हमको आगे आना होगा।

 

कन्या भ्रूण हत्या का कीमत सबको चुकाना होगा, इसे रोकना है तो हमको आगे आना होगा।

 

जन्म लेने से पहले ही तूने उसको मार दिया, सोच मानवरूपी दरिंदे तूने कितना बड़ा अपराध किया।

 

जन्म लेने से पहले ही तूने उसको मार दिया, सोच मानवरूपी दरिंदे तूने कितना बड़ा अपराध किया।

 

एक जघन्य अपराध है कन्या भ्रूण को मारना, क्या हम सिख नहीं सकते अपने बेटियों को पालना।

 

एक जघन्य अपराध है कन्या भ्रूण को मारना, क्या हम सिख नहीं सकते अपने बेटियों को पालना।

 

देश का नाम रोशन कर रही हैं, आज लड़कियाँ लड़कों से आगे बढ़ रहीं हैं।

 

देश का नाम रोशन कर रही हैं, आज लड़कियाँ लड़कों से आगे बढ़ रहीं हैं।

 

चाहे जैसी भी हो परिस्थितियाँ हम लड़ते जायेंगे, पर कन्या भ्रूण हत्या कभी नहीं अपनाएंगे।

 

चाहे जैसी भी हो परिस्थितियाँ हम लड़ते जायेंगे, पर कन्या भ्रूण हत्या कभी नहीं अपनाएंगे।

 

 

चाहे जैसी भी हो परिस्थितियाँ हम लड़ते जायेंगे, पर कन्या भ्रूण हत्या कभी नहीं अपनाएंगे।

 

वो कन्या है और वो ही जन्मदाता है, तू कौन होता है जो तू उसे ही मिटाता है?

 

वो मीरा भी है सीता भी है और मर्दानी है, तू जो उसको मिटा रहा ये तेरी नादानी है।

 

वो मीरा भी है सीता भी है और मर्दानी है, तू जो उसको मिटा रहा ये तेरी नादानी है।

कन्या है जीवन का वरदान, इन्हे मारकर कैसे जिंदा रखोगे अपना स्वाभिमान।

कन्या है जीवन का वरदान, इन्हे मारकर कैसे जिंदा रखोगे अपना स्वाभिमान।

 

भ्रूण हत्या एक पाप है, मानव जाति के लिए अभिशाप है।

 

भ्रूण हत्या एक पाप है, मानव जाति के लिए अभिशाप है।

 

भ्रूण हत्या एक पाप है, जीवन के लिए अभिशाप है।

 

भ्रूण हत्या एक पाप है, जीवन के लिए अभिशाप है।

 

 

आओ मिलाएं हाथ और हुंकार भरे, कन्या भ्रूण हत्या का एक साथ बहिस्कार करें।

 

अगर कन्या भ्रूण हत्या होता रहेगा,तो इस दुनिया में पुरुषों को जन्म कौन देगा?

 

कन्या भ्रूण हत्या से क्या पाओगे, बेटियां नहीं होंगी तो दुल्हन कहाँ से लाओगे?

 

बेटी के महत्व को तुम समझो, इसकी हत्या करके तुम ना यह अपयश लो।

 

कन्या धन को यू ना गवाओ, भ्रूण हत्या करके इनके जीवन को ना मिटाओ।

 

क्या बेटी होना इतना बड़ा पाप हो गया, जो इसे भ्रूण हत्या जैसा अभिशाप लग गया।

 

बेटी वह है जो ना जाने कितनों के जीवन को सवारती है, बेटी बनकर हसाती है तो माँ बनकर दुलारती है।

 

कन्या भ्रूण हत्या रोकने का लेंगे संकल्प, बेटी बचाने का नही है दूसरा कोई विकल्प।

 

बेटी के जीवन का करो तुम सम्मान, ईश्वर के इस तोहफे का ना करो अपमान।

 

ईश्वर का है यह वरदान, बेटी का जीवन भी है बेटे के ही समान।

 

जन-जन ने यह ठाना है, कन्या भ्रूण हत्या को मिटाना है।

 

कैसे करते हो भ्रूण हत्या का यह पाप, बेटी के जीवन को अपनाकर बनो एक जिम्मेदार बाप।

 

माँ कर्तव्य निभाइये, कन्या भ्रूण हत्या पर रोक लगाइये।

 

कन्या भ्रूण हत्या को लेकर जन जागृति का चलाओ अभियान, कन्या के जीवन दिलाओ पूरा सम्मान।

 

बेटी के जीवन का कोई मोल नही, भ्रूण हत्या करना पाप है कोई खेल नही।

 

कैसे होगा बेटी के जीवन का सम्मान, जब भ्रूण हत्या करके करोगे इसका अपमान।

 

क्यों करते हो तकनीकी तरक्की का दुरुपयोग, लिंग निर्धारण के लिए अल्ट्रासाउंड का भूल कर भी ना करो उपयोग।

 

भ्रूण हत्या क्यों करते हो, बेटी के जीवन से क्यों डरते हो।

 

तुमने भी तो माँ से ही जन्म पाया है, फिर भी ना जाने क्यों तुमको बेटी के जीवन का महत्व समझ ना आया है।

 

भारत माता की यही है आशा, कन्या भ्रूण हत्या को रोकने की पूरी हो अभिलाषा।

 

अपनी ही बेटी को मारकर ना जाने कौन सा सुख पाते हो, भ्रूण हत्या करकें ना जाने कैसे चैन से सो जाते हो।

 

कन्या भ्रूण हत्या पर ये जो तुमने मौन साधा है, देश के तरक्की में यही सबसे बड़ी बाधा है।

 

बेटा-बेटी में तुम फर्क ना पालो, बेटी भी है बेटे के समान इसे भी तुम वैसे ही संभालो।

 

कन्या भ्रूण हत्या करके ना करो भविष्य को अंधियारा, बेटी है वह रतन जो लाती है ना जाने कितनों के जीवन में उजियारा।

 

बेटा-बेटी में क्यों फर्क पालते हो, भ्रूण हत्या करके देश की तरक्की में बाधा क्यों डालते हो।

 

बेटी ने कल्पना चावला बनकर अंतरिक्ष तक माप लिया, सोचो भ्रूण हत्या करके तुमने कितना बड़ा पाप किया।

 

सभ्य समाज से घृणा हो जाती है, जब कन्या भ्रूण हत्या जैसी घटनाएं सामने आती है।

 

More Information:

बेटी बचाओ पर भाषण

बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ पर भाषण

बेटी बचाओ पर निबंध

बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ पर निबंध